शिवालिक नगर में साज़िशन हमला: विकास कार्य रोकने के लिए सभासद प्रतिनिधि पर जानलेवा हमला!
शिवालिक नगर की शांत गलियों में उस समय अफरा-तफरी मच गई जब वार्ड नंबर 6 टिहरी विस्थापित कॉलोनी के सभासद प्रतिनिधि पर जानलेवा हमला कर दिया गया। यह घटना तब घटी जब वह अपने क्षेत्र में सफाई और लाइट कर्मचारियों से मुख्य सड़क ब्रिज, बिस्तर भंडार के सामने कार्य करवा रहे थे।
अचानक, घात लगाए बैठे अंशुल शर्मा , निवासी टिहरी विस्थापित कॉलोनी अपने एक रिश्तेदार और चार अन्य अज्ञात हमलावरों के साथ मौके पर पहुंचा। उन्होंने सभासद प्रतिनिधि को अपशब्द कहने शुरू कर दिए। माहौल में तनाव बढ़ा, और देखते ही देखते मामला हाथापाई में बदल गया। हमलावरों ने थप्पड़, घूंसे और लातों से बेरहमी से पीटना शुरू कर दिया।
लेकिन यह सब यहीं नहीं रुका—एक हमलावर ने तो अज्ञात हथियार निकालकर प्रार्थी पर जानलेवा वार करने की भी कोशिश की! हमले में सभासद प्रतिनिधि को अंदरूनी चोटें आईं। चारों ओर चीख-पुकार मच गई। आसपास मौजूद शिवम त्यागी, प्रदीप तकिया और सचिन सिरोही ने किसी तरह बीच-बचाव कर पीड़ित को बचाया, लेकिन तब तक हमलावरों ने उनके कपड़े तक फाड़ दिए और खुलेआम अपमानित किया।
सबसे डरावनी बात तो यह रही कि हमलावर जाते-जाते एक खतरनाक धमकी दे गए—“अगर कॉलोनी का विकास करवाना बंद नहीं किया, तो अंजाम बुरा होगा! जब हम चुनाव नहीं जीते, तो कोई विकास नहीं होगा!”
अब सवाल यह उठता है कि क्या यह हमला सिर्फ व्यक्तिगत रंजिश थी या इसके पीछे कोई बड़ी साजिश छिपी है? प्रशासन क्या कार्रवाई करेगा? क्या विकास कार्यों को रोकने की कोशिशें जारी रहेंगी?
पूरा क्षेत्र सहमा हुआ है, और लोग इस घटना के बाद दहशत में हैं। अब देखना यह होगा कि कानून-व्यवस्था इस हमले के दोषियों को जल्द पकड़ पाती है या नहीं!

