
देहरादून:(ज़ीशान मलिक) ‘भारत दर्शन’ शैक्षिक भ्रमण कार्यक्रम के तहत नॉर्थ ईस्टर्न पुलिस अकादमी (NEPA), उम्साव, मेघालय के 22 प्रशिक्षु पुलिस अधिकारियों के दल ने शनिवार को पुलिस मुख्यालय में DGP दीपम सेठ से शिष्टाचार भेंट की। दल 22 से 26 सितंबर तक उत्तराखंड प्रवास पर है, जिसमें 1 http://Dy.SP और 21 SI/ASI रैंक के अधिकारी शामिल हैं।भेंट के दौरान NEPA के उप सहायक निदेशक पवन कुमार शर्मा ने अकादमी के प्रशिक्षण मॉड्यूल की जानकारी दी। प्रशिक्षुओं ने अपने प्रवास के दौरान मिले अनुभव साझा किए।


प्रशिक्षु दल ने चारधाम यात्रा नियंत्रण कक्ष में CCTV और ड्रोन आधारित भीड़-यातायात प्रबंधन, साइबर क्राइम थाने में साइबर अपराध जांच और हेल्पलाइन 1930 की कार्यप्रणाली, FSL में आधुनिक फॉरेंसिक तकनीकों का अध्ययन किया।इसके अलावा कोतवाली नगर देहरादून में गौरा शक्ति मॉड्यूल, चीता पुलिसिंग और CCTNS तथा SDRF में आपदा प्रबंधन और सर्च-रेस्क्यू अभियानों की जानकारी ली। हरिद्वार कमांड एंड कंट्रोल सेंटर में कुंभ-कांवड़ मेला सुरक्षा, भीड़ प्रबंधन और खोया-पाया व्यवस्था को भी समझा।

प्रशिक्षुओं ने उत्तराखंड पुलिस द्वारा पुलिसिंग में तकनीक के प्रभावी उपयोग और SDRF की आपदा प्रबंधन में भूमिका की जमकर सराहना की।DGP दीपम सेठ ने प्रशिक्षुओं को संबोधित करते हुए कहा कि पुलिस सेवा केवल दायित्व नहीं, बल्कि राष्ट्र और समाज की सेवा का माध्यम है। एक पुलिस अधिकारी के लिए कानून का ज्ञान, अनुशासन और कर्तव्यनिष्ठा के साथ आमजन के प्रति संवेदनशील और विनम्र व्यवहार भी जरूरी है। उन्होंने साइबर अपराध और डिजिटल साक्ष्य के दौर में तकनीकी दक्षता को आज की पुलिसिंग की सबसे बड़ी जरूरत बताया।
इस अवसर पर DGP ने NEPA के अधिकारियों को स्मृति चिन्ह भी भेंट किया। कार्यक्रम में ADG प्रशासन ए.पी. अंशुमान, IG ट्रैफिक कृष्ण कुमार वी.के., IG कार्मिक सुनील कुमार मीणा, IG मुख्यालय बरिंदरजीत सिंह सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

