हरिद्वार:(चीफ एडिटर)इंकलाबी मजदूर केंद्र के उपाध्यक्ष पंकज और कार्यकर्ता जय प्रकाश पर गुंडा एक्ट लगाकर जिला बदर करने के नोटिस के खिलाफ आज संयुक्त संघर्षशील ट्रेड यूनियन मोर्चा ने प्रेस क्लब हरिद्वार में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर तीखा विरोध जताया। मोर्चा ने इसे ‘फर्जी मुकदमों के आधार पर रची गई घृणित साजिश’ बताया।मोर्चा ने बताया कि 13 मई को जारी नोटिस की सूचना 20 मई को फोन से दी गई और 22 मई को ADM के समक्ष पेश होने को कहा गया। आरोप लगाया कि सामान्यतः 15 दिन का समय दिया जाता है, लेकिन यहां जानबूझकर 2 दिन दिए गए। इसे ‘द्वेषपूर्ण और असंवैधानिक कार्रवाई’ कहा गया।प्रेस वार्ता में कहा गया कि नोटिस उन्हीं फर्जी मुकदमों पर आधारित है जो कंपनी प्रबंधन ने श्रमिक आंदोलन के दमन के लिए दर्ज कराए थे। आरोप है कि कई कंपनियों में मजदूर न्यूनतम वेतन, ओवरटाइम के दोगुने भुगतान की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे थे। उसी दौरान IMK कार्यकर्ताओं पर झूठे केस लगाए गए।
मोर्चा ने कहा कि प्रशासन महिलाओं के खिलाफ अपराध, डकैती करने वाले समाज-विरोधी तत्वों पर कार्रवाई नहीं करता, लेकिन मजदूरों के हक की लड़ाई लड़ने वालों पर गुंडा एक्ट लगा रहा है। आरोप लगाया कि पुलिस कार्यकर्ताओं की लोकेशन ट्रैक कर मानसिक उत्पीड़न कर रही है।मोर्चा ने प्रशासन के ‘भड़काने’ के आरोप को खारिज किया। कहा कि मजदूरों को कोई नेता नहीं, बल्कि ‘भूख और तंगहाल आर्थिक स्थिति’ भड़का रही है। कहा कि यह आंदोलन किसी संगठन ने नहीं, ‘भयानक शोषण और महंगाई की आग’ से स्वतःस्फूर्त खड़ा हुआ है।मोर्चा ने गुंडा एक्ट की कार्रवाई को ‘गैर संवैधानिक, गैर जनवादी’ बताते हुए निंदा की। कहा कि इंकलाबी मजदूर केंद्र, प्रगतिशील महिला एकता केंद्र, क्रांतिकारी लोक अधिकार संगठन और अन्य ट्रेड यूनियनें जनता को साथ लेकर राजनीतिक और कानूनी लड़ाई लड़ेंगी।
इस प्रेस वार्ता में भेल मजदूर ट्रेड यूनियन अध्यक्ष राजकिशोर, महामंत्री अवधेश कुमार, देवभूमि श्रमिक संगठन महामंत्री दिनेश कुमार, किर्बी श्रमिक कमेटी प्रधान नरेश कुमार, क्रांतिकारी लोक अधिकार संगठन संयोजक नासीर अहमद, प्रगतिशील भोजन माता संगठन कोषाध्यक्ष नीता, एवरेडी मजदूर यूनियन अध्यक्ष संजीव कुमार, IMK उपाध्यक्ष पंकज कुमार, जयप्रकाश समेत कई नेता मौजूद रहे।

