हरिद्वार:(चीफ एडिटर)बीएचईएल हरिद्वार के वेल्डिंग टेक्नोलॉजी विभाग ने आज मानव संसाधन विकास केंद्र एचआरडीसी में इंडियन वेल्डिंग सोसाइटी आईडब्ल्यूएस – नॉर्थ ज़ोन की हरिद्वार शाखा के सहयोग से एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया। कार्यशाला का विषय था “एडवांस्ड टेक्नोलॉजी के साथ वेल्डिंग का भविष्य”कार्यशाला का उद्घाटन बीएचईएल हरिद्वार के कार्यपालक निदेशक रंजन कुमार ने दीप प्रज्वलन कर किया।
अपने संबोधन मे रंजन कुमार ने कहा कि हमें भविष्य को ध्यान में रखते हुए वेल्डिंग के क्षेत्र में आने वाली समस्याओं का समाधान निकालना होगा। उन्होंने कहा कि आधुनिक वेल्डिंग तकनीकों को अपनाकर हम अपने उत्पादों की गुणवत्ता को और बेहतर बना सकते हैं।
“कार्यशाला में इन विषयों पर हुई चर्चा:
इंडस्ट्री 4.0 और वेल्डिंग में एआई की संभावनाएं।ऑटोमोबाइल और पावर सेक्टर में रोबोटिक वेल्डिंग का प्रयोग।बीएचईएल हरिद्वार में कस्टमाइज़्ड और एडवांस्ड मशीनीकृत वेल्डिंग एप्लीकेशन ।एडिटिव मैन्युफैक्चरिंग सहित एडवांस्ड वेल्डिंग टेक्नोलॉजी।फैब्रिकेशन इंडस्ट्री में लेज़र बीम वेल्डिंग का उपयोग।वेल्डर्स की ट्रेनिंग के लिए वेल्डिंग सिमुलेटर।एल्युमीनियम वेल्डिंग में चुनौतियां।इस कार्यशाला में बीएचईएल की भोपाल एवं जगदीशपुर इकाइयों और सिडकुल इंडस्ट्रीज के प्रतिनिधियों सहित करीब 60 लोगों ने भाग लिया।
इस अवसर पर आईडब्ल्यूएस हरिद्वार शाखा के अध्यक्ष एवं महाप्रबंधक क्यू एंड बीई ए. के. शर्मा, महाप्रबंधक एफबीएम एंड डब्ल्यूटी नवीन प्रकाश, आईडब्ल्यूएस नॉर्थ ज़ोन के अधिकारी मुनीश नारायण एवं एस. एम. महाजन के साथ फैब्रिकेशन विभाग और एचआरडीसी के अधिकारी व कर्मचारी।

