हरिद्वार:(जीशान मलिक) विश्व प्रसिद्ध कांवड़ मेले में इस बार प्रशासन की व्यवस्थाएं शिवभक्तों का दिल जीतती नजर आ रही हैं। देश के विभिन्न राज्यों से गंगाजल लेने पहुंचे लाखों कांवड़िए प्रशासन द्वारा की गई व्यवस्थाओं की खुलकर सराहना कर रहे हैं। श्रद्धालुओं का कहना है कि सुरक्षा, यातायात, चिकित्सा, सफाई, पेयजल, प्रकाश व्यवस्था और मार्गदर्शन जैसी मूलभूत सुविधाओं में इस बार पहले की अपेक्षा काफी सुधार देखने को मिल रहा है, जिससे उनकी यात्रा अधिक सुगम और सुरक्षित बनी है। प्रशासन ने मेले के दौरान सुरक्षा, निगरानी और आपात सेवाओं को भी मजबूत किया है।कांवड़ मार्गों पर जगह-जगह तैनात पुलिसकर्मी और प्रशासनिक अधिकारी श्रद्धालुओं की सहायता करते दिखाई दे रहे हैं। कहीं रास्ता भटकने वालों को सहायता मिल रही है तो कहीं बीमार पड़ने वाले कांवड़ियों को तत्काल चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।
श्रद्धालुओं का कहना है कि इस बार व्यवस्थाओं में समन्वय साफ दिखाई दे रहा है। ट्रैफिक संचालन, बैरिकेडिंग, कंट्रोल रूम, हेल्पलाइन, सफाई व्यवस्था और पेयजल जैसी सुविधाओं के चलते यात्रा पहले की तुलना में अधिक व्यवस्थित महसूस हो रही है। कांवड़ियों का मानना है कि प्रशासन लगातार मैदान में मौजूद रहकर व्यवस्थाओं की निगरानी कर रहा है, जिससे छोटी से छोटी समस्या का भी शीघ्र समाधान हो रहा है।
मेले में पहुंचे कई श्रद्धालु उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की भी प्रशंसा करते नजर आ रहे हैं। उनका कहना है कि मुख्यमंत्री स्वयं कांवड़ मेले की तैयारियों और व्यवस्थाओं की लगातार समीक्षा कर रहे हैं तथा अधिकारियों को श्रद्धालुओं की सुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए गए हैं। श्रद्धालुओं का मानना है कि सरकार और प्रशासन के बेहतर समन्वय का सकारात्मक असर इस बार की व्यवस्थाओं में स्पष्ट दिखाई दे रहा है।
कांवड़ियों का कहना है कि यदि इसी प्रकार की व्यवस्थाएं आगे भी जारी रहीं तो उत्तराखंड का कांवड़ मेला देशभर के धार्मिक आयोजनों के लिए एक आदर्श उदाहरण बन सकता है। श्रद्धालुओं ने प्रशासन, पुलिस और सेवा में जुटे सभी कर्मचारियों के प्रयासों की सराहना करते हुए उनके प्रति आभार भी व्यक्त किया।

