
हरिद्वार:(जीशान मलिक) प्रदेश में 9 अक्टूबर को हुई भारी बारिश एवं ओलावृष्टि से किसानों की फसलों और अन्य परिसंपत्तियों को हुए नुकसान को गंभीरता से लेते हुए पंचायती राज एवं आपदा प्रबंधन मंत्री मदन कौशिक ने अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।मंत्री मदन कौशिक ने आपदा एवं पुनर्वास विभाग के सचिव को निर्देशित किया कि प्रदेश के सभी जनपदों में विभागीय अधिकारियों के माध्यम से तत्काल स्थलीय सर्वेक्षण कराया जाए। उन्होंने कहा कि सर्वेक्षण के दौरान केवल फसलों ही नहीं, बल्कि पशुधन, आवास एवं अन्य परिसंपत्तियों को हुए नुकसान का भी आकलन किया जाए, ताकि प्रभावितों की वास्तविक स्थिति सामने आ सके।


उन्होंने कहा कि प्राकृतिक आपदा के कारण किसानों को आर्थिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ सकता है, इसलिए अधिकारी संवेदनशीलता के साथ प्रभावित क्षेत्रों में पहुंचें और नुकसान का सही आकलन करें। सर्वेक्षण में किसी प्रकार की देरी न हो।मंत्री ने स्पष्ट निर्देश दिए कि प्रभावित किसानों एवं अन्य पात्र व्यक्तियों को शासन के नियमानुसार अनुमन्य मुआवजा और आर्थिक सहायता प्राथमिकता के आधार पर समयबद्ध तरीके से उपलब्ध कराई जाए। राहत वितरण की प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी हो और सहायता वास्तविक पीड़ितों तक ही पहुंचे।

उन्होंने सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ राहत संबंधी सभी प्रक्रियाएं शीघ्र पूरी करने को कहा, ताकि आपदा प्रभावितों को कठिन समय में समय पर मदद मिल सके।

