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20 Sep 2026, Sun

उत्तराखंड अक्षय ऊर्जा विकास अभिकरण बागेश्वर में तैनात है परियोजना अधिकारी धीरेंद्र सिंह पटवाल

बागेश्वर:(चीफ एडिटर)उत्तराखंड में भ्रष्टाचार के खिलाफ सतर्कता अधिष्ठान (विजिलेंस) ने बड़ी कार्रवाई की है। विजिलेंस टीम ने उत्तराखंड अक्षय ऊर्जा विकास अभिकरण (उरेडा) के परियोजना अधिकारी धीरेंद्र सिंह पटवाल को 40 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया। गिरफ्तारी के बाद उरेडा कार्यालय में हड़कंप मच गया।

विजिलेंस के अनुसार शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया था कि उरेडा कार्यालय में सोलर प्लांटों की JIR फाइलें लंबे समय से लंबित पड़ी हैं। परियोजना अधिकारी धीरेंद्र सिंह पटवाल प्रत्येक फाइल आगे बढ़ाने के लिए 10 से 15 हजार रुपये की रिश्वत मांग रहे थे। शिकायतकर्ता की 4 फाइलें लंबित थीं, जिनके लिए कुल 40 हजार रुपये की मांग की गई थी।

शिकायत मिलने पर सतर्कता अधिष्ठान ने प्रारंभिक जांच की, जिसमें आरोप सही पाए गए। इसके बाद पुलिस अधीक्षक सतर्कता अधिष्ठान, सेक्टर हल्द्वानी के निर्देशन में निरीक्षक के नेतृत्व में ट्रैप टीम का गठन किया गया।

24 जुलाई को विजिलेंस की टीम ने योजनाबद्ध कार्रवाई करते हुए आरोपी धीरेंद्र सिंह पटवाल, निवासी रामनगर, जनपद नैनीताल को शिकायतकर्ता से 40 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ दबोच लिया।

आरोपी वर्तमान में उरेडा, बागेश्वर में परियोजना अधिकारी के पद पर तैनात है। विजिलेंस अब मामले की विस्तृत जांच के साथ आरोपी की संपत्ति और अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है।सतर्कता अधिष्ठान के निदेशक वी. मुरुगेशन ने जनता से अपील की है कि यदि कोई सरकारी अधिकारी या कर्मचारी किसी कार्य के बदले रिश्वत मांगे तो उसकी शिकायत टोल फ्री नंबर 1064 या व्हाट्सएप हेल्पलाइन 9456592300 पर करें। शिकायतकर्ता की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।

By zeeshan

Zeeshan डिजिटल मीडिया से जुड़े युवा पत्रकार हैं। वे Bhagwasanatantimes.com के साथ कार्यरत हैं और राजनीति, समाज, धर्म और समसामयिक मुद्दों पर रिपोर्टिंग करते हैं। डिजिटल पत्रकारिता में उनकी गहरी रुचि है, और वे निष्पक्ष और तथ्यात्मक खबरों के लिए जाने जाते हैं।

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