हरिद्वार:(भगवा सनातन टाइम्स चीफ एडिटर)अंतरराष्ट्रीय श्रमिक दिवस के अवसर पर हेवी इलेक्ट्रिकल वर्कर्स ट्रेड यूनियन द्वारा एक सभा का आयोजन यूनियन कार्यालय, 161 टाइप-3, सेक्टर-1, भेल रानीपुर, हरिद्वार में किया गया। यह सभा हीप (HEEP) और सीएफएफपी (CFFP) के कर्मचारियों की भागीदारी से सम्पन्न हुई।
कार्यक्रम की शुरुआत शिकागो के 1886 के शहीद मजदूरों और दुनिया भर में श्रमिक अधिकारों के लिए शहीद हुए वीरों को श्रद्धांजलि अर्पित कर की गई। यूनियन अध्यक्ष एवं पूर्व विधायक रामयश सिंह ने सभा को संबोधित करते हुए कहा कि वर्तमान सरकार द्वारा लाए गए चार श्रम संहिताएं (लेबर कोड) श्रमिक विरोधी हैं। उन्होंने कहा कि इन कानूनों के चलते अब श्रमिकों से 8 घंटे की बजाय 12 घंटे काम कराया जा रहा है, जिससे शोषण की स्थिति उत्पन्न हो गई है।उन्होंने चिंता जताई कि नई यूनियन का पंजीकरण नहीं हो पा रहा है, जिससे श्रमिकों के हितों की रक्षा नहीं हो रही है।
यूनियन के महामंत्री विकास सिंह ने कहा कि भेल में अधिकारी और सुपरवाइज़र तो भर्ती किए जा रहे हैं, परंतु पिछले 13 वर्षों से आर्टिजन की भर्ती नहीं की गई है। इससे सारा कार्यभार श्रमिक वर्ग पर आ गया है और उनकी सुविधाओं में कटौती हो रही है। उन्होंने ओवरटाइम और छुट्टी नगदीकरण जैसी सुविधाओं को बहाल करने और जल्द से जल्द श्रमिकों की भर्ती शुरू करने की मांग की।
सभा को सीएफएफपी श्रमिक यूनियन के महामंत्री सचिन चौहान ने भी संबोधित किया और बताया कि संविदा श्रमिकों को न्यूनतम वेतन नहीं मिल रहा है और उनसे 10 से 15 घंटे तक काम लिया जा रहा है, जो पूरी तरह से अन्यायपूर्ण है।
कार्यक्रम में शहीद श्रमिकों और हाल ही में पहलगाम में शहीद हुए 26 भारतीयों को 2 मिनट का मौन रखकर और पुष्प अर्पण कर श्रद्धांजलि दी गई।
इस अवसर पर रवि कश्यप, अमित गोगना, दिलीप सैनी, शिव कुमार, आशीष नेगी, कृपाल सिंह, रूपेश विश्वकर्मा, बलबीर सिंह रावत, राकेश मालवीय, सहित भेल के सैकड़ों कर्मचारी उपस्थित रहे।
इस आयोजन के माध्यम से श्रमिक वर्ग ने एक बार फिर अपनी एकता और अधिकारों की रक्षा के लिए सतर्क रहने का संकल्प लिया।

