Handy Craft उत्पादों का कमाल! हाथों से बनाए अनोखे हस्तनिर्मित आइटम
राजकीय मॉडल महाविद्यालय मीठीबेरी में देवभूमि उद्यमिता योजना के बारह दिवसीय कार्यक्रम के पंचम दिवस में महाविद्यालय की देवभूमि उद्यमिता योजना के नोडल अधिकारी डॉ कुलदीप चौधरी एवं उज्जवला सामाजिक योजना की रश्मि सिंह के द्वारा माँ सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्जवलित करके किया गया।
देवभूमि उद्यमिता योजना के अंतर्गत चल रहे दो दिवसीय हैंडीक्राफ्ट प्रशिक्षण कार्यक्रम के द्वितीय दिवस में रश्मि एवं क्राफ्टर इन्द्र कुमार ने छात्र छात्राओं को बांस की लकड़ी का लैंप बनाना, टोकरी बनाना, तश्तरी बनाना, हैंगिंग स्टैंड, चाबियों के छल्ले का स्टैंड, महिलाओं की ज्वेलरी इत्यादि बनाना सिखाया।

पंचम दिवस के द्वितीय सत्र में कार्यक्रम की मुख्य वक्ता रश्मि ने हैंडीक्राफ्ट के बारे में विस्तृत जानकारी प्रदान की, उन्होंने कहा कि आप अपने स्वयं के हाथों से किस प्रकार से विभिन्न सामानों को बना सकते हैं एवं अपना उद्यम स्थापित कर सकते हैं। महाविद्यालय के छात्र छात्राओं ने इस कार्य के प्रति रुचि दिखाते हुए बाँस की लकड़ी से विभिन्न उत्पादों को बनाया।

कार्यक्रम के अंत में महाविद्यालय के वरिष्ठ प्राध्यापक प्रोफ़ेसर सतेन्द्र कुमार ने रश्मि एवं इन्द्र कुमार का धन्यवाद ज्ञापित किया और छात्र छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि उद्यमिता योजना के कार्यक्रम में भाग लेकर अपना स्वरोजगार स्थापित करके अपने भविष्य सुदृढ़ कर सकते हैं।


इस अवसर पर महाविद्यालय के प्राध्यापक प्रोफ़ेसर सतेंद्र कुमार, देशराज सिंह , डॉ सुनीता बिष्ट, डॉ सुमन पाण्डेय एवं कर्मचारियों में शशिधर उनियाल, पूनम, कुलदीप, सूरज एवं छात्र छात्राओं में रेणुका,शीतल,सोनम, मेमुना, लवकुश, कुमार,अन्नू ,उमा,विधिता,प्रवीन, नंदकुमार,सावेज,विधिता,सौरव, सरिता, ईशा, साक्षी लखेड़ा और नवनीत,आदि उपस्थित रहे।कार्यक्रम का संचालन डॉ सुमन पांण्डेय ने किया।

