हरिद्वार:(चीफ एडिटर) जिला विधिक सेवा प्राधिकरण एवं जिला न्यायालय परिसर हरिद्वार में 80वां स्वतंत्रता दिवस धूमधाम और हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ जिला न्यायालय परिसर में जनपद न्यायाधीश एवं अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण हरिद्वार नरेंद्र दत्त ने ध्वजारोहण कर किया।
इस अवसर पर जनपद न्यायाधीश ने सभी को स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि देश अपनी आजादी की 80वीं वर्षगांठ मना रहा है। उन्होंने स्वतंत्रता संग्राम में अपना सर्वस्व न्योछावर करने वाले शहीदों और क्रांतिकारियों को नमन करते हुए कहा कि हमें उनके बलिदान को सदैव याद रखना चाहिए और उनके आदर्शों से प्रेरणा लेकर देश के प्रति अपने कर्तव्यों का ईमानदारी से निर्वहन करना चाहिए।कार्यक्रम में परिवार न्यायालय के प्रधान न्यायाधीश, जिला न्यायालय के सभी अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश, सिविल जज (सीनियर डिविजन), अन्य न्यायिक अधिकारी, न्यायालय एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अधिकारी-कर्मचारी तथा अधिवक्तागण मौजूद रहे।
इसके बाद डिस्ट्रीक्ट बार एसोसिएशन हरिद्वार के सभागार में स्वतंत्रता दिवस समारोह आयोजित किया गया। जनपद न्यायाधीश की गरिमामयी उपस्थिति में आयोजित कार्यक्रम में वरिष्ठ अधिवक्ताओं ने स्वतंत्रता आंदोलन तथा आजादी के बाद देश की विभिन्न रियासतों के भारत में विलय से जुड़े ऐतिहासिक प्रसंगों पर अपने विचार रखे।जनपद न्यायाधीश नरेंद्र दत्त ने अधिवक्ताओं एवं बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि प्रत्येक व्यक्ति को अपने कर्तव्यों का निर्वहन पूरी ईमानदारी, निष्ठा और जिम्मेदारी के साथ करना चाहिए। कार्यक्रम में डिस्ट्रीक्ट बार एसोसिएशन के अध्यक्ष जसमेन्द्र सिंह, उपाध्यक्ष मीनाक्षी कपिल, सचिव विपिन द्विवेदी सहित कार्यकारिणी के पदाधिकारी एवं बड़ी संख्या में वरिष्ठ व कनिष्ठ अधिवक्ता मौजूद रहे।
इसी क्रम में जिला कारागार हरिद्वार में भी जनपद न्यायाधीश नरेंद्र दत्त की अध्यक्षता में स्वतंत्रता दिवस समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत जनपद न्यायाधीश द्वारा राष्ट्रपिता महात्मा गांधी एवं डॉ. भीमराव आंबेडकर की प्रतिमाओं पर पुष्प अर्पित करने के बाद ध्वजारोहण से हुई।समारोह में बंदियों ने देशभक्ति से ओत-प्रोत सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं। देशभक्ति नुक्कड़ नाटक, गीत, कव्वाली और प्रश्नोत्तर प्रतियोगिता ने उपस्थित लोगों को भाव-विभोर कर दिया। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से सामान्य ज्ञान आधारित प्रश्नोत्तर प्रतियोगिता भी आयोजित की गई। देशभक्ति गीत‘तू मेरा कर्मा, तू मेरा धर्मा’की प्रस्तुति ने माहौल को पूरी तरह देशभक्ति के रंग में रंग दिया।
अपने संबोधन में जनपद न्यायाधीश ने कहा कि स्वतंत्रता दिवस देश का राष्ट्रीय पर्व है, जिसे सभी को हर्षोल्लास के साथ मनाना चाहिए। उन्होंने बंदियों को उनके संवैधानिक अधिकारों के प्रति जागरूक रहने तथा कानून एवं संविधान के प्रति सम्मान बनाए रखने के लिए प्रेरित किया।इस अवसर पर जनपद न्यायाधीश एवं वरिष्ठ जेल अधीक्षक की ओर से उत्कृष्ट कार्य करने वाले सर्वश्रेष्ठ अधिकार मित्र/पीएलवी को प्रशस्ति पत्र प्रदान किए गए। साथ ही विभिन्न प्रतियोगिताओं में प्रतिभाग करने वाले बंदियों को पुरस्कार देकर उनका उत्साहवर्धन किया गया।
कार्यक्रम के समापन पर वरिष्ठ जेल अधीक्षक मनोज आर्य ने जनपद न्यायाधीश नरेंद्र दत्त का विशेष आभार व्यक्त किया। उन्होंने जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव सिमरनजीत कौर सहित सभी सहयोगियों का धन्यवाद ज्ञापित किया। उन्होंने कहा कि यह जिला कारागार के लिए गौरव का अवसर है कि जनपद न्यायाधीश की गरिमामयी उपस्थिति में 80वां स्वतंत्रता दिवस मनाया गया।इस दौरान अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश सहित अन्य न्यायिक अधिकारी, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के एलएडीसी, पैनल अधिवक्ता, समस्त स्टाफ एवं अधिकार मित्र उपस्थित रहे।

