Site icon Bhagwa Sanatan Times

उत्तराखंड में समान नागरिक संहिता (UCC) का नया कानून

देहरादून:(ज़ीशान मलिक)उत्तराखंड सरकार ने समान नागरिक संहिता (संशोधन) अध्यादेश-2026 लागू कर दिया है। इस नए कानून के तहत पहचान छिपाकर शादी करने और लिव-इन में जबरदस्ती रखने वालों के लिए कड़े दंड का प्रावधान किया गया है।

“नए कानून की 5 सबसे बड़ी और सख्त बातें…

1. पहचान छिपाई तो शादी रद्द और जेल: अगर कोई अपनी असली पहचान, धर्म या वैवाहिक स्थिति छिपाकर शादी करता है, तो वह शादी ‘शून्य’ मानी जाएगी और जेल जाना होगा।

2. लिव-इन में धोखाधड़ी पर 7 साल कैद: यदि कोई व्यक्ति किसी को डरा-धमकाकर, दबाव डालकर या धोखाधड़ी से लिव-इन रिलेशनशिप में रखता है, तो उसे 7 साल तक की जेल और भारी जुर्माना भरना होगा।

3. प्रतिबंधित रिश्तों पर नकेल: खून के रिश्तों या प्रतिबंधित श्रेणियों में लिव-इन में रहने पर भी 7 साल की सजा का प्रावधान किया गया है।

4. नाबालिग के साथ लिव-इन: यदि कोई वयस्क किसी नाबालिग के साथ लिव-इन में रहता है, तो उसे 6 माह की जेल और ₹50,000 जुर्माना भुगतना पड़ेगा।

5. रजिस्ट्रेशन और सर्टिफिकेट: अब लिव-इन संबंध समाप्त होने पर भी निबंधक द्वारा दोनों पक्षों को एक आधिकारिक प्रमाण-पत्र दिया जाएगा।

“महानिबंधक के पास होगी पावर…

नए नियमों के अनुसार, विवाह, तलाक या लिव-इन के पंजीकरण को निरस्त करने का अधिकार अब महानिबंधक के पास होगा।

Exit mobile version