सड़क हादसे के बाद अनाथ हुए चार मासूम… फिर जो हुआ, उसने समाज को हिला दिया!
हरिद्वार,दिनांक 12 मार्च 2025
एक दर्दनाक सड़क हादसे ने एक परिवार की खुशियां छीन लीं। भेल के मध्य मार्ग पर अजय नामक व्यक्ति का एक्सीडेंट हुआ, और परिवार ने उन्हें बचाने के लिए जी-जान लगा दी। लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था—ऋषिकेश AIIMS में अजय ने दम तोड़ दिया। उनके जाने के बाद पीछे रह गए चार मासूम बच्चे, जिनका भविष्य अंधकारमय हो गया।
परिवार और समाज गहरे सदमे में था। इन नन्हे बच्चों की देखभाल कौन करेगा? कौन उनके सिर पर हाथ रखेगा?
और तभी सामने आए नरेश कुमार बाली!
नरेश कुमार बाली ने इन बच्चों के लिए जो कदम उठाया, वह मानवता की मिसाल बन गया। उन्होंने चार में से दो बच्चों को गोद लेने का फैसला किया! यह खबर जंगल में आग की तरह फैल गई। हर कोई उनकी इस दरियादिली की सराहना कर रहा है। लेकिन अभी भी दो मासूम ऐसे हैं जो किसी सहारे की तलाश में हैं…
इस पुनीत कार्य को और आगे बढ़ाने के लिए वार्ड-7 के सभासद अमरदीप सिंह (रोबिन) आगे आए। हाल ही में शिवालिकनगर पालिका के सभासद चुने गए अमरदीप सिंह समाज सेवा से पहले ही जुड़े रहे हैं। उन्होंने न केवल नरेश कुमार बाली को धन्यवाद दिया बल्कि पूरे समाज से अपील की—
“इन बच्चों की जिंदगी संवारने के लिए आगे आइए। यह केवल एक परिवार की नहीं, बल्कि पूरे समाज की जिम्मेदारी है।”
अब सवाल यह है—क्या कोई और नरेश कुमार बाली जैसा साहस दिखाएगा? क्या समाज इन बच्चों को नया जीवन देने के लिए कदम बढ़ाएगा?
भगवा सनातन टाइम्स समाज के हर व्यक्ति से अपील करता है कि इन मासूमों के भविष्य को संवारने के लिए आगे आएं। शायद, आपका एक कदम किसी की जिंदगी में रोशनी भर सकता है!

