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रुड़की में हड़कंप: डंढेरा का युवक निकला ISI का मोहरा, अस्पताल उड़ाने की साजिश में था शामिल

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रुड़की:(जीशान मलिक)उत्तर प्रदेश एटीएस ने जिस ISI के आतंकी नेटवर्क का भंडाफोड़ किया है, उसकी एक खतरनाक कड़ी हरिद्वार जिले के रुड़की से निकलकर सामने आई है। सहारनपुर से गिरफ्तार 4 स्लीपर सेल मेंबर्स में शामिल मुशर्रफ पुत्र मुबारक रुड़की कोतवाली क्षेत्र के डंढेरा गांव का रहने वाला है। पाकिस्तान के कुख्यात गैंगस्टर शहजाद भट्टी और आतंकी आकिद जट्ट से सीधे कनेक्शन का खुलासा होने के बाद पूरे डंढेरा इलाके में हड़कंप मचा हुआ है।आपको बता दे कि यूपी एटीएस की पूछताछ में सनसनीखेज खुलासा हुआ है। सहारनपुर के महकाब, 22 साल और मुजफ्फरनगर के गगनदीप उर्फ गुरी, 25 साल ने सोशल मीडिया के जरिए मुशर्रफ को अपने नेटवर्क में जोड़ा था। चारों आरोपी इंस्टाग्राम पर पाकिस्तानी आतंकी आकिद जट्ट के सीधे संपर्क में थे।

आकिद जट्ट ने वीडियो कॉल पर चारों को साफ निर्देश दिए थे – “एक राज्य की राजनीतिक पार्टी का दफ्तर, एक बड़ा अस्पताल और कई स्कूल चलाने वाले एक व्यक्ति को बम से उड़ाना है। पहले रेकी करो। ये काम होते ही अगला टारगेट दूंगा। ज्यादा से ज्यादा युवाओं को जोड़ो और देश में दहशत फैलाओ।” एटीएस सूत्रों के मुताबिक पाकिस्तानी आकाओं को खुश करने के लिए महकाब और गगनदीप ने नोएडा में एक गुप्त मीटिंग बुलाई थी। इस मीटिंग में सहारनपुर का शाहरुख और रुड़की डंढेरा का मुशर्रफ भी शामिल हुआ था। मीटिंग का एजेंडा साफ था – अस्पताल उड़ाने के लिए रेकी, हथियार खरीदना और पैसों का इंतजाम।यूपी एटीएस का दावा है कि चारों आरोपी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर लगातार हथियार खरीदने और टारगेट की रेकी को लेकर चैट कर रहे थे। मुशर्रफ की मौजूदगी ने साबित कर दिया कि ISI का नेटवर्क अब हरिद्वार तक पहुंच चुका है।22 साल के मुशर्रफ की गिरफ्तारी की खबर जैसे ही डंढेरा गांव पहुंची, सनसनी फैल गई। ग्रामीणों को यकीन नहीं हो रहा कि उनके बीच का एक युवक पाकिस्तान के इशारे पर आतंकी साजिश का हिस्सा बन गया।

मुशर्रफ का नाम सामने आते ही हरिद्वार पुलिस और स्थानीय खुफिया इकाइयां अलर्ट मोड पर आ गई हैं। पुलिस अब डंढेरा में मुशर्रफ के दोस्तों, रिश्तेदारों और सोशल मीडिया कनेक्शन को खंगाल रही है। आशंका है कि उसने गांव के और युवाओं को भी नेटवर्क में जोड़ने की कोशिश की हो।एटीएस को सहयोगी एजेंसियों से इनपुट मिला था कि शहजाद भट्टी और आकिद जट्ट भारतीय युवाओं को पैसे का लालच देकर ISI के लिए स्लीपर सेल तैयार कर रहे हैं। इस इनपुट पर एटीएस और एसटीएफ ने पूरे यूपी में करीब 200 संदिग्धों को ट्रैक किया।पुख्ता सबूत मिलने के बाद 26 मई 2026 को सहारनपुर के सरसावा से छापा मारकर चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया। इससे पहले भी एटीएस शहजाद भट्टी गैंग के कई गुर्गों को पकड़ चुकी है।

यूपी एटीएस ने चेतावनी दी है कि पाकिस्तानी गैंगस्टर अब इंस्टाग्राम, टेलीग्राम जैसे प्लेटफॉर्म से सीधे युवाओं को टारगेट कर रहे हैं। आर्थिक तंगी या भटकाव का शिकार युवाओं को पैसे, विदेश भेजने या ‘बदला’ लेने का लालच देकर देश के खिलाफ भड़काया जा रहा है।एटीएस के मुताबिक सहारनपुर, मुजफ्फरनगर और अब रुड़की के युवा इनके निशाने पर हैं।

 

“गिरफ्तार आरोपी का विवरण”

1. महकाब, उम्र 22 – ढीक्का कला, सरसावा, सहारनपुर

2. गगनदीप उर्फ गुरी सिंह, उम्र 25 – शाहपुर, रामराज, मुजफ्फरनगर

3. शाहरुख, उम्र 20 – ढीक्का कला, सरसावा, सहारनपुर

4. मुशर्रफ, उम्र 22 डंढेरा, कोतवाली रुड़की, हरिद्वार

चारों के खिलाफ थाना एटीएस लखनऊ में मु.अ.सं. 06/2026, धारा-55, 152, 61(2) BNS-2023 के तहत केस दर्ज है। एटीएस अब इस नेटवर्क की हरिद्वार और उत्तराखंड की कड़ियां तलाश रही है।

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