
रुड़की:(ज़ीशान मलिक) मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को शहीद स्थल रामपुर तिराहा, मुजफ्फरनगर में उत्तराखंड राज्य आंदोलन के अमर शहीदों को पुष्पांजलि अर्पित कर श्रद्धांजलि दी।इस अवसर पर सीएम धामी ने कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं।
“मुख्यमंत्री की 4 बड़ी घोषणाएं”
1. जिन शहीद आंदोलनकारियों की प्रतिमाएं अब तक स्थापित नहीं हुई हैं, उनकी प्रतिमाएं उनके पैतृक गांव या निवास क्षेत्र में स्थापित की जाएंगी।
2. रामपुर तिराहा स्थित राज्य अतिथि गृह का उच्चीकरण किया जाएगा।
3. स्मारक परिसर के पुस्तकालय को ई-लाइब्रेरी के रूप में विकसित किया जाएगा।
4. संग्रहालय का विस्तार होगा, जिसमें उत्तराखंड के पारंपरिक वाद्य यंत्र, वेशभूषा और लोक संस्कृति की सामग्री जोड़ी जाएगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि 01-02 अक्टूबर 1994 की रात रामपुर तिराहा की घटना आंदोलन के इतिहास का सबसे पीड़ादायक अध्याय है। खटीमा, मसूरी, रामपुर तिराहा और श्रीनगर में शहीदों के बलिदान से ही उत्तराखंड राज्य अस्तित्व में आया।उन्होंने बताया कि सरकार राज्य आंदोलनकारियों को सरकारी सेवाओं में 10 प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण दे रही है, उनके आश्रित प्रमाण पत्र अब तहसील स्तर पर बन रहे हैं। सड़कों और स्कूलों के नाम शहीदों के नाम पर रखे जा रहे हैं। रामपुर तिराहा में शहीदों की मूर्ति स्थापना के लिए 27 लाख की धनराशि जारी की गई है।
इस दौरान यूपी के राज्यमंत्री कपिल देव अग्रवाल, भाजपा जिलाध्यक्ष सुधीर सैनी, सचिव संस्कृति युगल किशोर पंत, जिलाधिकारी मयूर दीक्षित, एसएसपी नवनीत सिंह भुल्लर समेत बड़ी संख्या में आंदोलनकारी और जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।

